मध्य प्रदेश के विदिशा जिले के गंजबासौदा में मंगलवार को ग्राम मूडंरी के ग्राम नहरिया की दर्जनों आदिवासी परिवार की महिलाओं ने मुख्यमंत्री आवास और शौचालय जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं के लाभ दिलाए जाने की गुहार अनुविभागीय अधिकारी रोशन राय से लगाई है वहीं महिलाओं ने कहां की कई बार सरपंच सचिव से आवास और शौचालय की गुहार लगाई गई लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई, कच्ची झोपड़ी में पन्नी डालकर रहने को मजबूर हैं बारिश के दिनों में झोपड़ी में पानी टपकता रहता है जिससे कीड़े कांटे का भी डर बना रहता है
प्रदेश के मुख्यमंत्री एक तरफ जनकल्याणकारी योजनाएं चलाकर लोगों को लाभ पहुंचाने में लगे हुए हैं लेकिन उनके इस मंसूबे पर किस तरह पानी फेरा जा रहा है जिसका जीता जागता उदाहरण ग्राम पंचायत मुडरी के ग्राम नहरिया में देखा जा सकता है यहां आदिवासी परिवार के लोग आवासीय और शौचालय जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं के लाभ से वंचित हैं उन्होंने कई बार सरपंच लेकर सचिव तक आवास और शौचालय बनवाने की गुहार लगाई लेकिन उनकी सुनवाई आज तक नहीं की गई जबकि ग्रामीण बताते हैं कि उनका सर्वे सूची में नाम भी है लेकिन किसी भी प्रकार का उन्हें आज तक आवासीय योजना का लाभ नहीं दिया गया मंगलवार को दर्जनों महिलाएं एसडीएम से मदद की गुहार लगाने पहुंची और उन्हें योजनाओं के लाभ दिलाए जाने की मांग की वही एसडीएम रोशन राय ने कहा कि अगर सर्वे सूची में आपका नाम है तो आपको योजनाओं का लाभ जरूर मिलेगा
बता दें कि ग्राम पंचायत मैं सरपंच कार्यकाल 7 साल हो गए हैं अब भी जो हकदार हैं उन्हें लाभ नहीं पहुंचाया गया है इससे बड़ी बात और क्या होगी जबकि आदिवासी गरीब महिलाओं ने कहा है कि झोपड़ी और पन्नी डालकर रहने को मजबूर हैं बारिश में पूरा घर पानी पानी हो जाता है कीड़े कांटे का डर भी बना रहता है लेकिन इन योजनाओं के लाभ से वंचित क्यों रखा गया यह पंचायत पर सवालिया निशान जरूर लग रहा है
