धर्मग्रंथों के बताए मार्ग पर सनातन संस्कृति के अनुसार चलने की जरूरत है,ताकि सभी पीढ़ियों में संस्कारों का संचार हो। संस्कार होंगे तो निश्चित रूप से ईश्वर की भक्ति भी होगी, जिसमें वास्तविक रूप में मानव का कल्याण निहित है।यह विचार ग्राम धुऑ में आयोजित श्रीमद भागवत कथा में कथा व्यास संतोष सारास्वत ने व्यक्त किएं। भितरवार विधानसभा क्षेत्र के ऐतिहासिक ग्राम धुऑ में स्थित प्राचीन श्री गिरिराज धरण मंदिर में मैथिल ब्राह्मण समाज सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित संगीतमयी श्रीमद भागवत कथा के विश्राम दिवस पर व्यास संतोष सारास्वत ने सुदामा-कृष्ण मिलन की कथा सुनाई तो श्रोताओं की आंखें डबडबा गईं।
इस अवसर पर, डबरा,भितरवार सहित अनेक समाज बंधुओं ने अपनी सहभागिता कार्यक्रम में दी ।
श्री गिरिराज धरण मंदिर पर जारी श्रीमद्भागवत कथा में देवनारायण मंदिर सिरसा धाम के महंत श्रीश्री 108 महंत श्री शीतलदास जी महाराज भी शामिल हुए जहां महाराज श्री का समाज बंधुओं ने स्वागत किया महाराज श्री ने धुऑ गांव की प्राचीन महत्वता पर प्रकाश डाला।
इस प्रकार पूर्व मंत्री और क्षेत्रीय विधायक लाखन सिंह यादव एवं विकास निगम अध्यक्ष पूर्व विधायक मुन्ना लाल गोयल ,पूर्व विधायक रमेशचंद्र अग्रवाल भागवत कथा में पहुंच और व्यास जी का माल्यार्पण कर सम्मान किया ।