चार साल से कोर्ट के चक्कर, नामांतरण न होने से परेशान होकर कलेक्ट्रेट जमीन पर लोट लगाते हुए पहुंचा फरियादी..
डिजिटल डेस्क | आंचलिक ख़बरें
गुना जिले के आरोन क्षेत्र से मंगलवार को एक मार्मिक और असामान्य दृश्य सामने आया, जब आंकखेड़ा गांव निवासी हिम्मत अहिरवार जनसुनवाई में अपनी फरियाद लेकर जमीन पर लोट लगाते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचा। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद अधिकारी और कर्मचारी भी स्तब्ध रह गए।
तहसीलदार ने तत्काल मौके पर पहुंचकर हिम्मत अहिरवार को सहारा दिया और उसे जनसुनवाई कक्ष तक ले गए, जहां उसने कलेक्टर को आवेदन सौंपकर अपनी पीड़ा बताई।
नामांतरण में गड़बड़ी का आरोप
हिम्मत सिंह अहिरवार (पुत्र सूरज सिंह अहिरवार) ने बताया कि उसकी कृषि भूमि सर्वे क्रमांक 145/2 (कुल रकबा 2.718, हिस्सा 0.627) का नामांतरण होना था। आरोप है कि गांव के ही धनराम (पुत्र तोफान सिंह) ने वर्ष 2014 में कथित रूप से गलत तरीके से यह जमीन अपने नाम दर्ज करा ली।
पीड़ित का कहना है कि आरोपी अब जमीन को अपनी बताते हुए उस पर दावा कर रहा है। हिम्मत ने तहसील कार्यालय में कई बार आवेदन दिए, लेकिन अब तक रिकॉर्ड में सुधार नहीं किया गया।
चार साल से न्याय का इंतजार
आवेदन में पीड़ित ने स्वीकार किया है कि मामला न्यायालय में विचाराधीन है। उसने बताया कि आरोन न्यायालय में पिछले चार वर्षों से प्रकरण लंबित है, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं हो पाया है।
लंबी न्यायिक प्रक्रिया और प्रशासनिक उदासीनता से परेशान होकर हिम्मत अहिरवार ने जनसुनवाई में इस तरह अनोखे और दर्दनाक तरीके से अपनी गुहार लगाई, जिससे एक बार फिर सिस्टम की सुस्त रफ्तार पर सवाल खड़े हो गए हैं।

