दुनिया का सबसे गरीब देश कौन है?

Aanchalik Khabre
6 Min Read
दुनिया का सबसे गरीब देश

भूमिका: दुनिया में गरीबी की स्थिति

विश्व के हर कोने में गरीबी किसी न किसी रूप में मौजूद है। लेकिन कुछ देश ऐसे भी हैं जहाँ यह गरीबी केवल आर्थिक नहीं, बल्कि सामाजिक, राजनीतिक और स्वास्थ्य स्तर पर भी व्यापक रूप से फैली हुई है। आज हम बात करेंगे बुरुंडी (Burundi) की, जिसे दुनिया का सबसे गरीब देश माना जाता है।

Contents

 बुरुंडी: एक परिचय

  • स्थान: मध्य अफ्रीका

  • राजधानी: गितेगा (Gitega)

  • जनसंख्या: लगभग 12.5 मिलियन (2025 तक)

  • मुख्य भाषा: किरुंडी, फ्रेंच, अंग्रेजी

  • मुद्रा: बुरुंडी फ्रैंक (BIF)

बुरुंडी एक लैंडलॉक्ड देश है, जिसका समुद्र तक कोई सीधा रास्ता नहीं है। यह रवांडा, तंजानिया और कांगो से घिरा हुआ है। बुरुंडी में प्राकृतिक संसाधनों की भारी कमी है, और इसकी अर्थव्यवस्था कृषि पर अत्यधिक निर्भर है।


 दुनिया का सबसे गरीब देश क्यों?

1. GDP प्रति व्यक्ति (GDP per capita)

  • 2025 में बुरुंडी का GDP प्रति व्यक्ति $250 से भी कम है।

  • विश्व बैंक और IMF की रिपोर्टों के अनुसार, यह आंकड़ा बुरुंडी को दुनिया का सबसे गरीब देश बनाता है।

2. मानव विकास सूचकांक (HDI)

  • UNDP के 2024-25 के रिपोर्ट में बुरुंडी का स्थान लगभग अंतिम दस में रहा।

  • शिक्षा, स्वास्थ्य, जीवन प्रत्याशा और आय स्तर जैसे मापदंडों पर बुरुंडी की स्थिति बहुत दयनीय है।


 बुरुंडी की गरीबी के कारण

1. नागरिक युद्ध और राजनीतिक अस्थिरता

बुरुंडी में 1993 से 2005 तक भीषण जातीय संघर्ष चला। यह युद्ध दो समुदायों — हूतु और तुत्सी — के बीच था। इस गृहयुद्ध में लाखों लोगों की मौत हुई और लाखों बेघर हो गए।

2. भ्रष्टाचार और खराब प्रशासन

बुरुंडी में सरकारी तंत्र में भारी भ्रष्टाचार है। विदेश से आने वाली मदद भी कई बार नेताओं और अधिकारियों की जेबों में चली जाती है।

3. शिक्षा की कमी

बच्चों के लिए पर्याप्त स्कूल नहीं हैं। जहां स्कूल हैं भी, वहां योग्य शिक्षक नहीं हैं। प्राथमिक शिक्षा तक पहुँच भी एक बड़ी चुनौती है।

4. स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी

  • डॉक्टर की अनुपात: प्रति 10,000 लोग पर 1 डॉक्टर

  • अस्पतालों की कमी

  • कुपोषण और मलेरिया जैसी बीमारियाँ आम हैं।

5. प्राकृतिक संसाधनों की कमी और भूगोलिक स्थिति

बुरुंडी में तेल, कोयला, सोना जैसी खनिज संपदा नहीं है। साथ ही, समुद्र तक सीधा रास्ता न होने के कारण व्यापार भी महंगा और कठिन है।


 बुनियादी ज़रूरतें भी सपना

1. भोजन की स्थिति

  • FAO की रिपोर्ट के अनुसार, बुरुंडी की 70% जनसंख्या कुपोषण की शिकार है।

  • एक समय का भोजन मिलना भी बहुत लोगों के लिए संघर्ष है।

2. स्वच्छ पानी की किल्लत

गांवों में लोग गंदे तालाबों से पानी लाते हैं। इससे डायरिया, टायफॉयड जैसी बीमारियाँ फैलती हैं।

3. बिजली और संचार

  • बुरुंडी की केवल 10% आबादी को बिजली की सुविधा है।

  • इंटरनेट और मोबाइल सुविधा नगण्य है।


बच्चों की हालत

  • 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु दर विश्व में सबसे अधिक है।

  • कुपोषण से ग्रसित बच्चों की संख्या बढ़ती जा रही है।

  • बाल मजदूरी और बाल विवाह आम बात है।


 महिलाओं की स्थिति

  • बुरुंडी में महिलाएँ दोहरी मार झेलती हैं — गरीबी और लैंगिक भेदभाव।

  • घरेलू हिंसा, बाल विवाह और शिक्षा से वंचित रहना आम है।

  • कई महिलाएं खेतों में काम करके परिवार का पालन-पोषण करती हैं लेकिन उन्हें अधिकार नहीं मिलते।


 अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की भूमिका

  • UNICEF, WHO, World Bank जैसी संस्थाएं बुरुंडी की मदद कर रही हैं।

  • स्वास्थ्य केंद्र बनाना, साफ पानी की व्यवस्था करना, और पोषण कार्यक्रम चलाना इनमें शामिल हैं।

  • लेकिन मदद की तुलना में समस्या बहुत बड़ी है।


 क्या है समाधान?

1. शांति और राजनीतिक स्थिरता

बिना राजनीतिक स्थिरता के कोई भी विकास संभव नहीं। स्थायी सरकार और लोकतंत्र ही बुनियाद बन सकते हैं।

2. शिक्षा का विस्तार

सरकार और NGOs को शिक्षा पर विशेष ध्यान देना होगा। विशेषकर बालिकाओं की शिक्षा में निवेश करना जरूरी है।

3. स्वास्थ्य और पोषण

  • स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना

  • कुपोषण और मलेरिया के लिए विशेष अभियान चलाना

4. नवाचार और तकनीक का इस्तेमाल

  • कृषि में आधुनिक तकनीक का उपयोग

  • सौर ऊर्जा से बिजली उत्पादन

  • स्थानीय उद्योगों का विकास


 प्रेरणा की किरण: कुछ सकारात्मक बातें

  • बुरुंडी के कुछ क्षेत्रों में किसान सहकारी समितियाँ बन रही हैं।

  • महिलाएं अब स्वयं सहायता समूहों में जुड़कर छोटे व्यवसाय शुरू कर रही हैं।

  • कुछ युवाओं ने डिजिटल लर्निंग से पढ़ाई कर विदेशों में नौकरियाँ पाई हैं।


 अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

Q1: दुनिया का सबसे गरीब देश कौन सा है?

उत्तर: बुरुंडी (Burundi), जिसे प्रति व्यक्ति आय और मानव विकास सूचकांक के आधार पर दुनिया का सबसे गरीब देश माना जाता है।

Q2: क्या बुरुंडी में कोई प्राकृतिक संसाधन नहीं हैं?

उत्तर: बुरुंडी में संसाधन बहुत कम हैं और जो हैं, उनका उपयोग अभी तक सीमित ही है।

Q3: क्या बुरुंडी में सुधार की कोई संभावना है?

उत्तर: हां, यदि राजनीतिक स्थिरता, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और शिक्षा में निवेश हो तो स्थिति सुधर सकती है।


 निष्कर्ष: बुरुंडी से क्या सीखें?

बुरुंडी की गरीबी एक चेतावनी है कि जब कोई देश लंबे समय तक राजनीतिक अस्थिरता, युद्ध, शिक्षा की उपेक्षा और भ्रष्टाचार से जूझता है, तो उसका भविष्य कितना अंधकारमय हो सकता है। यह दुनिया के सभी विकासशील देशों के लिए सबक है कि मानव संसाधनों में निवेश, शिक्षा और स्वास्थ्य ही किसी भी राष्ट्र की असली पूंजी है।

Share This Article
Leave a Comment